बस्ती
मुफलिसी में गुजर करने वालों के सामने अब छत का संकट आ गया है। वहीं सेमरा चींगन गांव में आंधी व बारिश के बीच जर्जर दीवार ढह गई। उसके नीचे सोई 68 वर्षीय महिला की मौत हो गई।
शनिवार देर रात हुई भारी बारिश में करीब आधा दर्जन मकान गिरने की सूचना है। नगर थानांतर्गत कचूरे गांव निवासी रामनाथ का खपरैल का मकान बारिश में गिर गया। रात में रामनाथ व उनकी पत्नी रूमा खपरैल में व बच्चे छप्पर में सो रहे थे। करीब दो बजे आवाज सुनकर रामनाथ की नींद खुली तो देखा कि खपरैल एक ओर से गिर रहा है। दोनों भागकर बाहर आए। देखते ही देखते घर जमींदोज हो गया।
भूमिहीन रामनाथ मजदूरी करके पेट पालते हैं। मुफलिसी सदर ब्लॉक के कोईलपुरा में भी राम सहाय का रिहायशी छप्पर गिर गया। वह परिवार के साथ उसके नीचे सो रहे थे। छप्पर गिरने के पहले आवाज सुनकर पत्नी और बच्चों को वहां से निकाल लिए, वरना बड़ा हादसा हो सकता था। कलवारी रात हुई बारिश में कुदरहा ब्लॉक क्षेत्र के तुरकौलिया गांव में दीवार गिर गई। पीड़ित पारसनाथ चौधरी व ब्रम्हादीन चौधरी ने बताया कि मलबे में गृहस्थी का सारा सामान दब गया है।
अन्य हताहत से इनकार किया।, बनकटी ब्लॉक क्षेत्र के खड़ौहा गांव में रिकेश व महेंद्र के खपरैल की दीवार गिर गई। आवाज सुनकर जागे रिकेश ने परिजनों को जगाकर बाहर भगाया, जिससे कोई उसकी चपेट में नहीं आया। घर में रखा सामान मलबे में दब गया है। रिकेश ने बताया कि पात्र होने के बाद भी उन्हें आवास का लाभ नहीं मिला है। मौके पर पहुंचे लेखपाल ने नुकसान का आंकलन कर रिपोर्ट एसडीएम को भेजने की बता कही।
सेमरा चींगन गांव में शनिवार रात आंधी व बारिश के बीच जर्जर दीवार ढह गई। उसके नीचे सोई 68 वर्षीय महिला की मौत हो गई। छप्पर में बांधे गए दो मवेशी घायल हो गए। ज्ञानमती (68) छप्पर के नीचे चारपाई पर सोई थी। तभी दीवार गिर गई। कुछ ही दूर सो रहे उनके पति रामकिशोर चौधरी ने शोर मचाया। आवाज सुनकर आसपास के लोग जुटे। महिला को मलबे से बाहर निकालकर जिला अस्पताल पहुंचाया गया। वहां चिकित्सक ने मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। सूचना पर तहसील प्रशासन ने मौके पर पहुंचकर घटना की जानकारी हासिल की।