बस्ती
कोविड-19 ने बदल दिया सामाजिक मांगलिक कार्यक्रमों का स्वरूप
समूचे राष्ट्र में कोविड-19 को देखते हुए संपूर्ण लाख डाउन चल रहा है शादी-विवाह के सीजन में लाक डाउन से जहां जनमानस के दैनिक दिनचर्या के कार्य प्रभावित हो रहे हैं वहीं धार्मिक मांगलिक कार्य भी पूरी तरह प्रभावित है आज की सामाजिक घटना चक्र में जहां चाह वहीं राह की कहावत को चरितार्थ रामकृष्ण द्विवेदी पुत्र वंशीधर त्रिवेदी ग्राम बसहा थाना पैकोलिया जनपद बस्ती की शादी लवली ग्राम दासजोत थाना कलवारी जनपद बस्ती के के संग अप्रैल सन् 2019 में संपन्न हुई थी जिसका द्विरागमन संस्कार दिनांक 30 2020 को होना सुनिश्चित हुआ था परंतु वर रामकृष्ण द्विवेदी दिल्ली में वधू लवली मुंबई में संपूर्ण लाख डाउन की वजह से फंसे रहे वर और वधु की उपस्थिति बस्ती या अन्य किसी स्थान पर हो पाना संभव नहीं रहा इसलिए वर पक्ष वधू पक्ष ने सूझबूझ का परिचय देते हुए मांगलिक कार्य द्विरागमन संस्कार को आन लाइन संपन्न कराते हुए समाज में एक मिसाल कायम किया